न ज्यादा समय देते न राजनांदगाँव में रात्रिविश्राम करते हैं प्रभारी मंत्री यादव

प्रभारी मंत्रियों को निर्देश होते हैं कि वे रात रूकें ताकि स्थानीय समस्याओं और विकास कार्यों का गहराई से निरीक्षण कर सकें

उनके पहले जब गृहमंत्री विजय शर्मा प्रभारी मंत्री थे, वे भी कभी रात में नहीं रूके राजनांदगाँव

राजनांदगाँव। जिले के नए प्रभारी मंत्री गजेन्द्र यादव अपने उस वादे का पालन अब तक नहीं कर रहे हैं, जिसमें उन्होंने कहा था कि वे राजनांदगाँव में अपनी सक्रियता बढा़एंगे। जिले के प्रभारी और प्रदेश के स्कूली शिक्षा मंत्री यादव ने काफी समय पहले खुद कहा था कि वे महीने में कम से कम दो दिन राजनांदगाँव में रहेंगे और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ ही आम लोगों से मुलाकात करेंगे।

प्रभारी मंत्री ने राजनांदगाँव में रात्रि विश्राम की भी बात की थी। इस वादे का तो राजनांदगाँव की जनता को लंबे समय से इंतजार है। उल्लेखनीय है कि साल 2023 में राज्य में भाजपा की सरकार बनने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने मंत्रियों को जिलों का प्रभारी मंत्री बनाया था। इसके तहत प्रदेश के गृहमंत्री विजय शर्मा को राजनांदगाँव जिले का प्रभारी मंत्री बनाया गया था। गृहमंत्री शर्मा को राजनांदगाँव के साथ ही दुर्ग, बालोद, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और बस्तर जिलों का प्रभारी मंत्री नियुक्त किया गया था।

बाद में अगस्त-सितम्बर 2025 में राज्य मंत्रिमंडल में विस्तार के बाद तीन नए मंत्री गजेन्द्र यादव, राजेश अग्रवाल और गुरू खुशवंत साहेब बनाए गए। नए मंत्री बनाए जाने के बाद छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा जिलों के प्रभार में किए गए फेरबदल के तहत सितंबर 2025 में उप मुख्यमंत्री व गृहमंत्री विजय शर्मा की जगह कैबिनेट मंत्री (स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग, विधि एवं विधायी कार्य) गजेन्द्र यादव को राजनांदगाँव जिले का प्रभारी मंत्री बनाया गया।प्रभारी मंत्री का जिम्मा संभालने के बाद गजेन्द्र यादव ने अपने पहले राजनांदगांव प्रवास के दौरान दिसंबर 2025 में (9-10 दिसंबर के आसपास आयोजित बैठकों और दौरों के समय) कार्यकर्ताओं और मीडिया से चर्चा करते हुए स्पष्ट तौर पर कहा था कि वे महीने में दो दिन अनिवार्य रूप से राजनांदगाँव में रहेंगे।

छत्तीसगढ़ शासन ने सितंबर 2025 में साय कैबिनेट के नए मंत्रियों को प्रभार सौंपते हुए गजेंद्र यादव को राजनांदगांव की जिम्मेदारी दी थी, जबकि विजय शर्मा को बस्तर सहित अन्य क्षेत्रों का प्रभार दिया गया था।दिसंबर 2025 के अपने पहले औपचारिक समीक्षा और भाजपा कार्यकर्ता बैठक के दौरे पर उन्होंने स्थानीय स्तर पर अपनी सक्रियता बढ़ाने के उद्देश्य से यह घोषणा की थी।

अपनी इस घोषणा के कुछ समय बाद प्रभारी मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा था कि वे कम से कम दो दिन राजनांदगाँव में रहेंगे और यहाँ रात्रि विश्राम भी करेंगे, लेकिन स्थिति यह है कि प्रभारी मंत्री ने अब तक एक भी बार राजनांदगाँव में रात्रि विश्राम नहीं किया है और वो यहाँ सक्रिय भी नहीं हैं।

जानकारी के अनुसार दिसम्बर 2025 में पदुमलाल पुन्नालाल बख्शी स्कूल में जिला खनिज मद से नवनिर्मित आर्चरी और बाक्सिंग कोर्ट का उद्घाटन व जिला पंचायत की बैठक, फरवरी 2026 में राजनांदगाँव के गाँधी सभागृह में छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव, अप्रैल 2026 में कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक और जुलाई 2026 में ग्राम अऊरदा में अटल डिजिटल सुविधा केन्द्र और नवीन ग्राम पंचायत भवन के भूमिपूजन व लोकार्पण समारोह में उपस्थित होना ही प्रभारी मंत्री का प्रमुख कार्यक्रम है। इसके अलावा कुछ अन्य शासकीय और निजी ! कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री यादव राजनांदगाँव आए हैं लेकिन उन्होंने यहाँ रात्रिविश्राम अब तक एक भी बार नहीं किया है।

हालाँकि प्रभारी मंत्रियों को जिलों में प्रवास के दौरान रात्रिविश्राम करने के निर्देश होते हैं, ताकि वे स्थानीय समस्याओं और विकास कार्यों का गहराई से निरीक्षण कर सकें। लेकिन मंत्री गजेन्द्र यादव का गृह जिला और विधानसभा क्षेत्र दुर्ग शहर है, जो राजनांदगांव के बेहद नजदीक स्थित है। ऐसे में वो अपना दौरा पूरा कर उसी दिन (कई बार देर शाम) दुर्ग लौट जाते हैं।

इसी तरह छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री और गृहमंत्री विजय शर्मा जब राजनांदगाँव जिले के प्रभारी मंत्री थे, तब वे अपने आधिकारिक दौरों के दौरान एक भी बार राजनांदगाँव में रात में नहीं रुके थे। वे जब भी समीक्षा बैठक या किसी कार्यक्रम के सिलसिले में राजनांदगांव के आधिकारिक प्रवास पर आते थे, तो दिन की बैठकें और जनसंपर्क निपटाकर उसी दिन वापस लौट जाते थे। उनके भी इस क्षेत्र के प्रभार के दौरान जिले में एक भी आधिकारिक ‘रात्रि विश्राम’ (Night Stay) दर्ज नहीं हुआ है।