मासूम के बलात्कारी और हत्यारे चाचा को फांसी की सजा

फाइल फोटो

दुर्ग की POCSO अदालत ने सुनाया फैसला, हत्या कर लाश कार में छिपा दिया था

राजनांदगाँव। दुर्ग जिले में अपनी 6 साल की मासूम भतीजी के साथ दुष्कर्म करके उसकी हत्या करने वाले चाचा को विशेष अदालत ने मौत की सजा सुनाई है। मामला 2025 का है। कन्याभोज के लिए 5 अप्रैल 2025 को घर से निकली बच्ची को उसके ही चाचा ने हवस का शिकार बना लिया था और मामला दबाने के लिए बच्ची की हत्या कर उसकी लाश को पड़ोसी की कार में छिपा दिया था। पुलिस ने गहन छानबीन के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया था। अदालत ने मामले में आज फैसला सुनाया है।

दुर्ग के विशेष न्यायालय (POCSO) ने विशेष दांडिक प्रकरण क्रमांक 44/2025 में आरोपी सोमेश यादव उम्र 24 वर्ष को गंभीर अपराधों में दोषी ठहराते हुए मृत्युदंड की सजा सुनाई है। अदालत के आदेश के अनुसार आरोपी के खिलाफ लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम, 2012 की धारा 6(1) के साथ भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और 238(क) के तहत मामला था।

अदालत ने POCSO एक्ट की धारा 6(1) के तहत आरोपी को मृत्युदंड और 5 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड जमा नहीं करने पर आरोपी को एक वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा।भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत भी आरोपी को मृत्युदंड और 5 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड नहीं देने पर एक वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास निर्धारित किया गया है।

अदालत ने BNS की धारा 238(क) के तहत आरोपी को 5 वर्ष के सश्रम कारावास और 1 हजार रुपए अर्थदंड की सजा दी है। अर्थदंड नहीं देने पर एक माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा।

अदालत के आदेश के मुताबिक मृत्युदंड की सजा हाईकोर्ट बिलासपुर की पुष्टि के अधीन है। सभी सजाएं एक साथ भुगतने के निर्देश दिए गए हैं। आरोपी को केंद्रीय जेल दुर्ग में सुरक्षित रखने और हाईकोर्ट के आदेश तक अभिरक्षा में रखने के लिए वारंट जारी किया गया है।